कहा, अमेरिकी नेताओं द्वारा भारत के 1.4 बिलियन के बाजार तक पहुंच का जश्न मनाना इस बात का प्रमाण है कि यह समझौता भारतीय किसानों की बजाय अमेरिकी कृषि के लिए लाभदायक है बोले, भाजपा नेताओं को स्पष्ट करना चाहिए कि क्या विदेशी कॉर्पाेरेट हितों को भारतीय किसानों की आजीविका से अधिक प्राथमिकता दी जा रही है